चंडीगढ़: पिछले कई दिनों से भीषण और झुलसा देने वाली गर्मी की मार झेल रहे चंडीगढ़ के लोगों को आखिरकार कुदरत ने एक बड़ी राहत दी है। आज सुबह अचानक मौसम ने करवट बदली और आसमान में छाए घने काले बादलों ने पूरे चंडीगढ़ को अपनी आगोश में ले लिया। इसके बाद शुरू हुई तेज हवाओं और झमाझम बारिश की बौछारों ने तपते शहर को पूरी तरह सराबोर कर दिया। बीते हफ्ते जहां आसमान से बरसती आग और चिलचिलाती धूप ने लोगों का जीना मुहाल कर रखा था, वहीं आज की इस पहली फुहार ने तपिश को पूरी तरह सोख लिया और लोगों के चेहरों पर एक बार फिर मुस्कान लौटा दी।
सूनी सड़कों का सन्नाटा और घरों की कैद
बीते पूरे हफ्ते शहर का अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था, जिसने आम जनता को दोपहर के समय घरों में कैद होने के लिए मजबूर कर दिया था। स्थिति यह थी कि दोपहर 12 बजे से लेकर शाम 5 बजे तक सड़कों पर पूरी तरह सन्नाटा पसरा रहता था और शाम को 7 बजे तक चलने वाली गर्म लू लोगों के पसीने छुड़ा रही थी। इस भीषण गर्मी के कारण लोग लगातार हो रही बिजली कटौती और लो-वोल्टेज की गंभीर समस्या से भी बेहद परेशान चल रहे थे, जिससे उनका दिन का चैन और रातों की नींद हराम हो चुकी थी।
जेठ की दुपहरी में सावन का अहसास और ठिठुरन
आज हुई इस मूसलाधार बारिश के दौरान शहर के कुछ हिस्सों से ओले गिरने के भी समाचार मिले हैं, जिसने कुदरत के मिजाज को पूरी तरह बदल कर रख दिया। बारिश और ओलावृष्टि के कारण तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है। इस अचानक आए बदलाव ने झुलसते शहर को सीधे सर्दी का अहसास करा दिया, जहां लोग इस सुहावने मौसम का लुत्फ उठाते हुए बारिश में भीगते हुए नजर आए, वहीं कुछ लोग इस बेमौसम की ठंडक के कारण ठिठुरते हुए भी देखे गए।
संडे का सस्पेंस और दुकानदारों की नई उम्मीद
इस बदलते मौसम का सीधा असर शहर के व्यापार और बाजारों पर भी देखने को मिला है। जब इस संबंध में स्थानीय दुकानदारों से बातचीत की गई, तो उन्होंने अपना दर्द साझा करते हुए बताया कि गर्मी के कारण दोपहर 12 बजे से लेकर शाम 6 बजे तक बाजार पूरी तरह खाली रहते थे और दुकान पर इक्का-दुक्का ग्राहक ही बमुश्किल पहुंच पाता था। लेकिन आज हुई इस राहत की बारिश ने रविवार के दिन उनकी उम्मीदों को पंख लगा दिए हैं और अब दुकानदारों को संडे के बाजार में अच्छी दुकानदारी होने की पूरी उम्मीद नजर आ रही है।
दोपहर बाद तूफान की दस्तक और मौसम का पूर्वानुमान
मौसम विभाग की मानें तो रविवार को शहर का अधिकतम तापमान 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 22 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की उम्मीद जताई गई है। इसके साथ ही मौसम वैज्ञानिकों द्वारा 55 प्रतिशत तक बारिश होने का अनुमान भी लगाया गया है। विभाग ने अलर्ट जारी करते हुए सचेत किया है कि दोपहर के बाद आसमान में बादलों की तेज गर्जना हो सकती है और गर्जना के साथ-साथ तेज तूफान आने की भी पूरी आशंका बनी हुई है।
संपादकीय टिप्पणी: चंडीगढ़ में हुई यह झमाझम बारिश और ओलावृष्टि केवल मौसम का बदलाव नहीं है, बल्कि यह उन आम नागरिकों के लिए एक बड़ा जीवनदान है जो पिछले एक हफ्ते से 42 डिग्री तापमान की भट्टी और बिजली कटौती के दोहरे संकट से जूझ रहे थे। इस बारिश ने जहां एक तरफ ठप पड़े व्यापारिक बाजारों में नई जान फूंकी है, वहीं दूसरी तरफ यह प्रशासन के लिए भी एक सबक है कि बिजली और पानी जैसे बुनियादी संकटों का समाधान केवल मौसम के भरोसे नहीं छोड़ा जा सकता। मौसम विभाग द्वारा दोपहर बाद तूफान और गर्जना के अनुमान को देखते हुए अब नागरिकों और नागरिक निकायों को सतर्क रहने की आवश्यकता है ताकि इस राहत के बीच किसी प्रकार का नुकसान न हो।
