चंडीगढ़: खेलों के माध्यम से युवाओं को नशे की गर्त से बाहर निकालने और उन्हें एक बेहतर भविष्य देने के उद्देश्य से ‘बल्ला घुमाओ, नशा भगाओ’ अभियान के तहत गली क्रिकेट टूर्नामेंट (सीजन 4) का भव्य शुभारंभ हुआ। सेक्टर 16 के क्रिकेट स्टेडियम में आयोजित इस उद्घाटन समारोह में हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और यूटी प्रशासन के मुख्य सचिव एच. राजेश प्रसाद ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। यह टूर्नामेंट यूटी क्रिकेट एसोसिएशन (UTCA) और चंडीगढ़ पुलिस के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया जा रहा है।
288 टीमों का महाकुंभ: लड़कियां भी दिखाएंगी जलवा
इस बार टूर्नामेंट का स्वरूप और भी बड़ा हो गया है। इस सीजन में कुल 288 टीमें अपने बल्ले का जौहर दिखाएंगी, जिनमें 256 लड़कों की और 32 लड़कियों की टीमें शामिल हैं। चंडीगढ़ पुलिस के महानिदेशक डॉ. सागर प्रीत हुड्डा के सहयोग और टूर्नामेंट चेयरमैन संजय टंडन की देखरेख में आयोजित यह प्रतियोगिता युवाओं को खेलों के प्रति आकर्षित करने का एक बड़ा मंच बन चुकी है।
गली से बुलंदियों तक का सफर: संजय टंडन
प्रेस वार्ता के दौरान चेयरमैन संजय टंडन भावुक नजर आए। उन्होंने कहा, “जब 2023 में हमने इस गली क्रिकेट की शुरुआत की थी, तब हमें संशय था कि यह कितना कामयाब होगा। लेकिन बच्चों के बढ़ते उत्साह ने हर सीजन में टीमों की संख्या को बढ़ाया है।” उन्होंने एक बड़ी घोषणा करते हुए कहा कि जैसे IPL में बड़े खिलाड़ियों की बोली लगती है, वैसे ही इस टूर्नामेंट के होनहार खिलाड़ियों की भी बोली लगेगी, जो उन्हें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने में मदद करेगी।
मुख्यमंत्री का संदेश: नशे के खिलाफ खेल एक हथियार
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने अपने संबोधन में आयोजकों की सराहना करते हुए कहा कि यह पहल बच्चों के भविष्य को उज्ज्वल बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगी। उन्होंने कहा कि खेल न केवल शरीर को स्वस्थ रखते हैं बल्कि मानसिक रूप से भी युवाओं को नशे जैसी सामाजिक बुराइयों से दूर रहने के लिए प्रेरित करते हैं। उन्होंने सभी प्रतिभागी टीमों को शुभकामनाएं दीं।
गणमान्य व्यक्तियों की मौजूदगी
इस अवसर पर चंडीगढ़ के मेयर सौरभ जोशी, बीजेपी अध्यक्ष जतिंदर मल्होत्रा सहित शहर के कई गणमान्य लोग मौजूद थे। सभी ने एक स्वर में इस बात पर जोर दिया कि गली-मोहल्लों से निकलकर आने वाली यह प्रतिभा ही आगे चलकर देश का नाम रोशन करेगी।
संपादकीय टिप्पणी:
‘गली क्रिकेट’ को एक प्रोफेशनल प्लेटफॉर्म प्रदान करना चंडीगढ़ पुलिस और UTCA की एक क्रांतिकारी सोच है। “बल्ला घुमाओ, नशा भगाओ” का नारा आज के समय की सबसे बड़ी जरूरत है। जब युवाओं की ऊर्जा को सही दिशा (मैदान) मिलती है, तो वे भटकने से बच जाते हैं। संजय टंडन द्वारा खिलाड़ियों की ‘बोली’ लगाने की बात कहना इन बच्चों के आत्मविश्वास को सातवें आसमान पर ले जाएगा। उम्मीद है कि इस टूर्नामेंट से निकले खिलाड़ी कल भारतीय क्रिकेट टीम की जर्सी में नजर आएंगे।
